आज 09 नवंबर दिन बुधवार से हिंदू कैलेंडर के नए माह मार्गशीर्ष का प्रारंभ हुआ है. इस माह का नाम मार्गशीर्ष इसलिए है क्योंकि इस मास की पूर्णिमा मृगशिरा नक्षत्र में होती है. हर हिंदी माह का नामकरण पूर्णिमा को होने वाले नक्षत्र के आधार पर होता है. काशी के ज्योतिषाचार्य चक्रपाणि भट्ट से जानते हैं मार्गशीर्ष माह के महत्व और भगवान श्रीकृष्ण की कृपा पाने के उपायों के बारे में.
मार्गशीर्ष माह का महत्व- भगवान श्रीकृष्ण ने कहा है कि मार्गशीर्ष माह को उनके समान ही समझना चाहिए. इसमें पूजा पाठ करने से भगवत कृपा सहज ही प्राप्त होती है. इस मास में भगवान श्रीकृष्ण की पूजा करना विशेषरूप से फलदाई होता है.
करें ये काम-1. जिस प्रकार से सावन माह भगवान शिव को प्रिय है, उस तरह ही मार्गशीर्ष माह भगवान श्रीकृष्ण को प्रिय है. इस पूरे माह में भगवान श्रीकृष्ण की पूजा करने से सभी प्रकार की मनोकामनाएं पूरी होती हैं.
2. यदि आपको भगवान श्रीकृष्ण की कृपा प्राप्त करनी है तो मार्गशीर्ष माह में यमुना नदी में स्नान करना चाहिए. इससे यमुना की भी कृपा प्राप्त होती है. यमुना श्रीकृष्ण को प्रिय हैं.
3. मार्गशीर्ष माह में भगवान श्रीकृष्ण ने संसार को गीता का उपदेश दिया था. इस वजह से इस माह में गीता का पाठ करना शुभ फलदाई माना जाता है.”
4. जिन लोगों को भगवान विष्णु का आशीर्वाद प्राप्त करना है या अपने मनोकामनाओं की पूर्ति करनी है उन लोगों को मार्गशीर्ष माह के हर दिन भगवान विष्णु या फिर भगवान श्रीकृष्ण के मंत्रों का जाप करना चाहिए.”
5. इस मास में गजेंद्र मोक्ष का पाठ करने से पुण्य की प्राप्ति होती है. इसके साथ ही भगवान विष्णु का भी आशीष मिलता है.”