कोरोना महामारी के अलावा समेत कई गंभीर बीमारियों का खतरा पिछले कुछ सालो में ज्यादा बढ़ा है, लेकिन उसके पहले ही विश्व स्वास्थ्य दिवस मनाने की शुरुआत कर दी गई थी। आइए जानते हैं कि कैसे और कब विश्व स्वास्थ्य दिवस मानाने की शुरवात की गई है ।
1948 में विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) की स्थापना के उपलक्ष्य में हर साल 7 अप्रैल को विश्व स्वास्थ्य दिवस मनाया जाता है। इस दिन का उद्देश्य जागरूकता बढ़ाना और वैश्विक स्वास्थ्य मुद्दों पर ध्यान आकर्षित करना और स्वास्थ्य संबंधी कार्रवाई को गति देना है।
विश्व स्वास्थ्य दिवस का मुख्य उद्देश्य जागृत फैलाना है और विश्व भर में लोगों के साथ होने वाले स्वास्थ्य संबंध चुनौतियों पर ध्यान केन्द्रित करना है। यह एक अवसर है जहां लोगों को स्वास्थ्य से जूडी बिमारियों, समस्याओं और उनका समाधान के प्रति जागरुक किया जाता है। इस दिन, हर साल निर्धारित एक विशेष विषय पर ध्यान केन्द्रित किया जाता है, जिससे लोगों को स्वास्थ्य से जुडी समस्याओं के बारे में जागरुक किया जाय उनके खातिर और उनके लिए सही उपाय ढूंढ़े जा सके।
स्वास्थ्य संगठन अलग अलग देशों की सरकारों को स्वास्थ्य नीतियां बनाने और उसके क्रियान्वयन के लिए प्रेरित भी करता है।इसके अलावा पिछले कुछ सालो में मानसिक स्वास्थ्य, डायबिटीज और दिल से जुडी बीमारियों बढ़ गई है । जहा जिम जाने वाले और शरीर को फिट रखने पर ध्यान देने वालों में हार्टअटैक का खतरा बढ़ा है।