देश और दुनिया में कई लोग ऐसे हैं जिनके दिन की शुरुआत सिगरेट के कश से होती है और रात की गुडनाइट भी सिगरेट के बिना नहीं होती तो है। WHO की एक स्टडी आई है, जिसके अनुसार भारत में तंबाकू से हर साल करीब 14 लाख लोगों की जान चली जाती है। जिन लोगों को सिगरेट-गुटखा की आदत है उनको तो नुकसान होता ही है जो लोग उनके साथ होते हैं उन पर भी इसका बुरा असर पड़ता है।
World No Tobacco Day” की इस बार की थीम है- ”Protect the environment” (तंबाकू के धुएं से पर्यावरण बचाएं) ताकि सिगरेट पीने वालों से ये अपील की जाए कि तंबाकू के जहरीले धुएं से उस हवा को खराब ना करें जिसमें उनके अपने सांस लेते हैं। क्योंकि हर साल 41 हजार यंगस्टर..और करीब 400 बच्चे..अपनी जान महज इसलिए गवां देते हैं, क्योंकि उनके घर,सगे या दोस्त में से किसी को सिगरेट पीने की बुरी आदत है और वो अनजाने में ही इसके संपर्क में आते हैं।
कैसे पहुंचाता है नुकसान-सिगरेट का धुआं लंग्स में म्यूकस बढ़ाता है, अब फेफड़े खुद से तो म्यूकस नहीं हटा सकते, नतीजा रेस्पिरेटरी ट्रैक में जमा होने लगता है और फिर लंग्स की परेशानी शुरु हो जाती है। दिल के खतरे को भी समझ लीजिए, तंबाकू के धुएं में मौजूद कार्बन मोनो ऑक्साइड ब्लड से ऑक्सीजन घटाती है ऊपर से निकोटिन ब्रेन और मसल्स की एक्टिविटी पर असर डालता है, जिससे ब्लड प्रेशर बढ़ता है, नतीजा हार्ट प्रॉब्लम शुरु हो जाती है।
सिगरेट आदत से छुटकारा-छोटी इलायची के दाने लें, 2 लौंग मिलाएं, दालचीनी का छोटा टुकड़ा, हल्की भूनी सौंफ, थोड़ी सी भूनी अजमाइन इन सबको मिलाकर सुबह-शाम इसका सेवन करें।
शराब की आदत से छुटकारा-250 ग्राम अजवाइन ले लें, 5 ग्राम इलायची मिला लें, 2 लीटर पानी में अजवाइन पका लें। पककर जब 500 ग्राम बच जाए, तो छानकर बोतल में भर लें। भोजन से पहले 2 चम्मच अर्क पानी में मिलाकर पिएं। शराब पीने की इच्छा खत्म हो जाएगी। शराब से खराब डायजेशन प्रॉब्लम भी खत्म
खाने में शामिल करें ये चीजें-अलसी, ब्लूबेरी,पालक,बादाम, अखरोट,काजू,खसखस,मखाना, केसर
हींग,मेथी,हरड़,छुहारा,अजवाइन,अनार, नींबू,गाजर ,अदरक,संतरा”
नशा छुड़ाने में, कारगर हैं ,ये पाउडर-हल्दी,अजवाइन,लौंग,कपूर ,काली मिर्च, सेंधा नमक
बबूल की छाल,पिपरमिंट
नशा छुड़ाने के लिए, बनाएं माउथ फ्रेशनर-लौंग ,सौंफ,इलायची, मुलेठी,दालचीनी,धनिया
Disclaimer-यह जानकारी आयुर्वेदिक नुस्खों के आधार पर लिखी गई है। इनके इस्तेमाल से पहले चिकित्सक का परामर्श जरूर लें।