प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए ,आज भारत के राष्ट्रव्यापी टीकाकरण अभियान की शुरुआत की।इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश वासियो को शुभकामनाये भी दी।
पीएम ने कहा, “संकट और निराशा के माहौल के बीच, कोई व्यक्ति हमें बचाने के लिए अपनी जान की बाजी लगाकर आशा को संचारित कर रहा था।” उन्होंने कहा कि सुरक्षा प्रोटोकॉल, जिसमें सोशल डिस्टेंसिंग और मास्क पहनना शामिल है, को यथावत रहना चाहिए।
अपने उद्बोधन में उन्होंने ”दवाई के साथ ,कढ़ाई ” का सन्देश भी दिया। वेक्सिनेशन कार्यक्रम के शुरुआत ,दिल्ली के एक सफाई कर्मचारी को कोरोना का टीका दिया गया।
भारत के टीकाकरण अभियान , पने पहले चरण के अंत तक अनुमानित 3 करोड़ लोगों तक टीका का लाभ पहुंचाना है ।सरकार ने टीकाकरण अभियान के पहले दिन 2,934 स्थलों पर लगभग 3 लाख स्वास्थ्य कर्मियों को टीका लगाने की योजना बनाई है।सरकार ने इससे पहले जनवरी में भारत में आपातकालीन उपयोग के लिए दो टीकों को मंजूरी दी है ।ये टीके हैं पुणे स्थित सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया ने एस्ट्राजेनेका और ऑक्सफोर्ड यूनिवर्सिटी द्वारा विकसित कोविशिल्ड वैक्सीन है ।जबकि कॉवक्सिन को हैदराबाद के भारत बायोटेक ने इंडियन मेडिकल काउंसिल ऑफ रिसर्च (आईसीएमआर) और नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ वायरोलॉजी के सहयोग से विकसित किया है।शासित प्रदेशों में कुल 3,006 सत्र स्थलों उद्घाटन के दिन प्रत्येक टीकाकरण स्थल पर लगभग 100 लाभार्थियों का टीकाकरण किया जाएगा।प्रथम टीका लगने के बाद प्रत्येक लाभार्थी को 28 दिनों के बाद वैक्सीन की दूसरी खुराक लेनी होगी।
सरकार ने को-विन सॉफ्टवेयर से संबंधित प्रश्नों को संबोधित करने के लिए हेल्पलाइन नंबर 1075 बनाया है .